जागरण टुडे, गोवर्धन/मथुरा।
मुडिया पूर्णिमा मेले के दौरान गिरिराज महाराज की परिक्रमा के लिए उमड़े श्रद्धालुओं के बीच मंगलवार को राधाकुंड स्थित श्री गुरु कार्ष्णि बृजनन्द उदासीन आश्रम (बागड़ी की प्याऊ) में श्रीकृष्ण जन्मभूमि से जुड़े ऐतिहासिक दस्तावेजों और साक्ष्यों की प्रदर्शनी लगाई गई। आयोजनकर्ताओं के अनुसार दिनभर बड़ी संख्या में परिक्रमार्थियों ने प्रदर्शनी का अवलोकन किया और इसके माध्यम से श्रीकृष्ण जन्मभूमि से जुड़े जनजागरण अभियान का संदेश श्रद्धालुओं तक पहुंचाया गया।
प्रदर्शनी का आयोजन श्रीकृष्ण जन्मभूमि-शाही ईदगाह प्रकरण में हिंदू पक्षकार महेंद्र प्रताप सिंह एडवोकेट के निर्देशन में चलाए जा रहे जनजागरण अभियान के अंतर्गत किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ आश्रम के संस्थापक स्वामी रविन्द्रानंद जी महाराज ने पंपलेट वितरण के साथ किया। इस अवसर पर स्वामी विश्वात्मानंद जी महाराज एवं संत श्यामानंद जी महाराज सहित अन्य संत भी उपस्थित रहे।
प्रदर्शनी में विभिन्न ऐतिहासिक ग्रंथों, अभिलेखों और उपलब्ध दस्तावेजों के आधार पर तैयार सामग्री प्रदर्शित की गई। आयोजनकर्ताओं ने श्रद्धालुओं को बताया कि न्यायालय में विचाराधीन श्रीकृष्ण जन्मभूमि-शाही ईदगाह प्रकरण में हिंदू पक्ष अपने दावों के समर्थन में उपलब्ध ऐतिहासिक अभिलेखों और दस्तावेजों का हवाला दे रहा है। प्रदर्शनी के माध्यम से श्रद्धालुओं को प्रकरण की पृष्ठभूमि, ऐतिहासिक संदर्भों तथा न्यायिक प्रक्रिया की जानकारी भी दी गई।
स्वामी रविन्द्रानंद जी महाराज ने कहा कि श्रीकृष्ण जन्मभूमि का इतिहास अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचना चाहिए। उनके अनुसार प्रदर्शनी में प्रदर्शित सामग्री विभिन्न ऐतिहासिक पुस्तकों और प्रमाणिक स्रोतों के आधार पर तैयार की गई है। उन्होंने श्रद्धालुओं से ऐतिहासिक तथ्यों को जानने और समाज में जागरूकता फैलाने का आह्वान किया।
हिंदू पक्षकार महेंद्र प्रताप सिंह एडवोकेट ने कहा कि मुडिया पूर्णिमा के अवसर पर प्रतिदिन बड़ी संख्या में श्रद्धालु गिरिराज महाराज की परिक्रमा के लिए पहुंच रहे हैं। ऐसे समय में आयोजित प्रदर्शनी जनजागरण का प्रभावी माध्यम बनी है। उन्होंने कहा कि श्रीकृष्ण जन्मभूमि-शाही ईदगाह प्रकरण न्यायालय में विचाराधीन है और हिंदू पक्ष उपलब्ध ऐतिहासिक दस्तावेजों व अभिलेखों के आधार पर अपना पक्ष रख रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि अभियान पूरी तरह संवैधानिक और न्यायिक प्रक्रिया के अनुरूप चलाया जा रहा है।
कार्यक्रम के दौरान श्रद्धालुओं को पंपलेट भी वितरित किए गए, जिनमें श्रीकृष्ण जन्मभूमि का संक्षिप्त इतिहास, न्यायालय में लंबित वाद तथा अभियान के उद्देश्य की जानकारी दी गई। आयोजन में आश्रम के भक्तों और स्वयंसेवकों ने प्रदर्शनी संचालन तथा श्रद्धालुओं को जानकारी उपलब्ध कराने में सहयोग किया।