जागरण टुडे, मथुरा।
मुख्यमंत्री शिक्षक कैशलेस चिकित्सा योजना के शुभारंभ के अवसर पर बुधवार को डैंपियर नगर स्थित पाञ्चजन्य प्रेक्षागृह में भव्य कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान वाराणसी के दीनदयाल हस्तकला संकुल से मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के कार्यक्रम का सजीव प्रसारण देखा गया। जनपद स्तर पर आयोजित समारोह में शिक्षकों एवं संविदा कर्मियों को प्रतीकात्मक रूप से कैशलेस चिकित्सा कार्ड वितरित किए गए।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि प्रदेश के गन्ना विकास एवं चीनी मिलें मंत्री लक्ष्मी नारायण चौधरी तथा विशिष्ट अतिथि बल्देव विधायक पूरन प्रकाश रहे। दोनों जनप्रतिनिधियों ने जिलाधिकारी चंद्र प्रकाश सिंह, मुख्य विकास अधिकारी डॉ. पूजा गुप्ता, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी रतन कीर्ति और जिला विद्यालय निरीक्षक राघवेंद्र सिंह के साथ मां सरस्वती के चित्र के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। इसके बाद सभी ने मुख्यमंत्री के संबोधन का सजीव प्रसारण देखा।
मंत्री लक्ष्मी नारायण चौधरी ने कहा कि शिक्षक राष्ट्र निर्माण की आधारशिला हैं और उनके स्वास्थ्य की सुरक्षा सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है। मुख्यमंत्री शिक्षक कैशलेस चिकित्सा योजना शिक्षकों एवं संविदा कर्मियों के लिए मील का पत्थर साबित होगी। इससे गंभीर बीमारियों के उपचार में आर्थिक बोझ कम होगा और वे निश्चिंत होकर शिक्षा के क्षेत्र में अपनी सेवाएं दे सकेंगे।
विधायक पूरन प्रकाश ने कहा कि विकसित भारत-2047 के लक्ष्य को साकार करने में शिक्षकों की सबसे महत्वपूर्ण भूमिका है। शिक्षक भावी पीढ़ी का निर्माण करते हैं, इसलिए उनके स्वास्थ्य, सुरक्षा और सम्मान के लिए राज्य सरकार लगातार कल्याणकारी योजनाएं लागू कर रही है।
जिलाधिकारी चंद्र प्रकाश सिंह ने कहा कि योजना के माध्यम से शिक्षक, शिक्षामित्र, अनुदेशक, विशेष शिक्षक, कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय (केजीबीवी) के शिक्षक, विद्यालयों में कार्यरत रसोइये तथा उनके आश्रित गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ उठा सकेंगे। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ने प्रदेश के 1.10 करोड़ विद्यार्थियों के अभिभावकों के खातों में यूनिफॉर्म, जूता-मोजा, स्वेटर, स्कूल बैग एवं स्टेशनरी खरीदने के लिए प्रति विद्यार्थी 1200 रुपये डीबीटी के माध्यम से भेजे हैं। उन्होंने अभिभावकों से अपील की कि इस धनराशि का उपयोग बच्चों की शैक्षिक आवश्यकताओं की पूर्ति में ही करें और उन्हें नियमित रूप से विद्यालय भेजें। साथ ही शिक्षकों से बच्चों के सर्वांगीण विकास और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के लिए पूरी निष्ठा एवं समर्पण के साथ कार्य करने का आह्वान किया।
कार्यक्रम के दौरान मंत्री, विधायक, जिलाधिकारी और मुख्य विकास अधिकारी ने कई शिक्षकों को प्रतीकात्मक रूप से मुख्यमंत्री शिक्षक कैशलेस चिकित्सा कार्ड प्रदान किए। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी रतन कीर्ति ने बताया कि जिले में बेसिक शिक्षा विभाग के 7,832 शिक्षकों एवं कर्मियों तथा उनके 39,160 परिवारों को इस योजना का लाभ मिलेगा। वहीं जिला विद्यालय निरीक्षक राघवेंद्र सिंह ने बताया कि माध्यमिक शिक्षा विभाग के 1,256 शिक्षकों एवं कर्मियों तथा उनके 6,280 परिवारों को भी योजना से जोड़ा गया है। कार्यक्रम के अंत में जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी ने सभी अतिथियों एवं उपस्थित शिक्षकों का आभार व्यक्त किया।