जागेश्वर महाधाम में स्थापित होगा अष्टधातु व पीतल से निर्मित सवा कुंतल वजनी विजय त्रिशूल, नगर में जगह-जगह हुई पुष्पवर्षा
जागरण टुडे, कासगंज(उदित विजयवर्गीय)
गंजडुंडवारा। उत्तराखंड के जागेश्वर महाधाम स्थित महामृत्युंजय पीठ को समर्पित किए जाने वाले सवा कुंतल वजनी पीतल एवं अष्टधातु निर्मित भव्य विजय त्रिशूल के पूजन एवं स्थापना महोत्सव के अंतर्गत सोमवार देर शाम नगर में श्रद्धा, आस्था और भक्ति से ओतप्रोत विशाल शोभायात्रा निकाली गई। भगवान भोलेनाथ के जयकारों और शिवभक्ति के उल्लास से पूरा नगर भक्तिमय वातावरण में सराबोर नजर आया।
हनुमानगढ़ी मंदिर से प्रारंभ हुई शोभायात्रा में सवा कुंतल वजनी विजय त्रिशूल श्रद्धालुओं के आकर्षण का प्रमुख केंद्र रहा। त्रिशूल के दर्शन के लिए मार्ग में जगह-जगह श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ पड़ी। भक्तों ने पूजा-अर्चना कर भगवान शिव से सुख, समृद्धि और कल्याण की कामना की।
शोभायात्रा में भगवान भोलेनाथ की भव्य झांकी के साथ आधा दर्जन से अधिक आकर्षक धार्मिक झांकियां शामिल रहीं, जिन्होंने लोगों का मन मोह लिया। बैंड-बाजों की मंगलध्वनि और शिवभक्ति से ओतप्रोत भजनों पर श्रद्धालु उत्साहपूर्वक झूमते और नृत्य करते दिखाई दिए। नगर की सड़कों पर हर ओर "हर-हर महादेव" और "बम-बम भोले" के जयघोष गूंजते रहे।
कार्यक्रम का एक विशेष आकर्षण काली मंडल के कलाकारों द्वारा प्रस्तुत किए गए साहसिक एवं हैरतअंगेज करतब रहे। कलाकारों के रोमांचक प्रदर्शन को देखने के लिए मार्ग के दोनों ओर बड़ी संख्या में लोग एकत्रित रहे। शिव झांकियों और धार्मिक प्रस्तुतियों ने पूरे वातावरण को शिवमय बना दिया।
शोभायात्रा हनुमानगढ़ी मंदिर से प्रारंभ होकर टीन बाजार, राजाराम चौराहा सहित नगर के प्रमुख मार्गों से गुजरते हुए पुनः मंदिर परिसर पहुंची। यात्रा के दौरान विभिन्न स्थानों पर श्रद्धालुओं एवं व्यापारियों द्वारा पुष्पवर्षा कर विजय त्रिशूल का भव्य स्वागत किया गया। नगरवासियों की भारी सहभागिता ने आयोजन को ऐतिहासिक स्वरूप प्रदान किया।
आयोजकों ने बताया कि “एक त्रिशूल शिव के नाम” अभियान के अंतर्गत 24 एवं 25 जून को प्रातः 6 बजे से रुद्राभिषेक एवं त्रिशूल पूजन, शाम को रुद्र यज्ञ तथा रात्रि 8 बजे से शिव कथा का आयोजन किया जाएगा। धार्मिक अनुष्ठानों की पूर्णाहुति 25 जून को होगी। इसके उपरांत 26 जून को हिमालय स्थित जागेश्वर महाधाम के महामृत्युंजय पीठ में वैदिक मंत्रोच्चार एवं विधि-विधान के साथ विजय त्रिशूल की स्थापना की जाएगी।
इस दौरान आनंद मोहन, हरिओम गुप्ता, अंकित भूषण गुप्ता, गौरव गुप्ता, अमित, सुभाष गुप्ता, सहित अनेक शिवभक्त मौजूद रहे। समिति ने नगरवासियों से आगामी धार्मिक कार्यक्रमों में अधिक से अधिक संख्या में शामिल होकर धर्म लाभ प्राप्त करने की अपील की।