राजकीय संग्रहालय विश्व धरोहर दिवस* के अवसर पर *'अतुल्य भारत - स्थापत्य कला की झलक'* विषयक *चित्र प्रदर्शनी* का आयोजन किया गया । प्रदर्शनी का उद्घाटन मां सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्ज्वलित कर किया गया ।
संग्रहालय के उप निदेशक योगेश कुमार ने बताया कि विश्व धरोहर दिवस हर वर्ष 18 अप्रैल को मनाया जाता है, जिसका उद्देश्य दुनिया भर की ऐतिहासिक धरोहरों और सांस्कृतिक स्थलों के संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ाना है। यह दिन हमें अपनी समृद्ध विरासत की रक्षा करने और आने वाली पीढ़ियों तक उसे सुरक्षित पहुँचाने की प्रेरणा देता है।
भारत जैसे विविधता से भरे देश में यह दिवस विशेष महत्व रखता है, जहाँ अनेक विश्व धरोहर स्थल हमारी पहचान और गौरव का प्रतीक हैं। उन्होंने कहा कि प्रदर्शनी में देश के विभिन्न हिस्सों से चुनी गई प्रसिद्ध इमारतों जैसे मंदिर, किले, महल , स्मारक आदि को प्रदर्शित किया गया है। इस प्रदर्शनी का उद्देश्य दर्शकों को भारत की समृद्ध विरासत से परिचित कराना और उन्हें इतिहास के प्रति जागरूक एवं प्रेरित करना है।
इस अवसर पर वीथिकाओं में धरोहरों से संबंधित लघु फिल्म का भी प्रदर्शन किया गया, जिसे देख विभिन्न विद्यालयों के छात्र छात्राओं का ज्ञानार्जन हुआ। इस कार्यक्रम में प्रशांत श्रीवास्तव, मनीष कुमार, अनितेश, रचना, सुभाष, दिनेश, मनोज आदि की भूमिका महत्वपूर्ण रही।