शजागरण टुडे, कासगंज।
पुण्यश्लोक देवी अहिल्याबाई होल्कर द्वारा निर्मित वाराणसी स्थित ऐतिहासिक धरोहर को ध्वस्त किए जाने के विरोध में जिला कांग्रेस कमेटी ने जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपा। यह ज्ञापन महामहिम राज्यपाल को संबोधित था, जिसे जिला कांग्रेस अध्यक्ष मनोज पांडेय के नेतृत्व में कांग्रेस पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने जिलाधिकारी के माध्यम से प्रेषित किया।
जिला कांग्रेस कमेटी ने ज्ञापन में बताया कि 10 जनवरी 2026 को बिना किसी पूर्व सूचना के वाराणसी नगर निगम के अधिकारियों के निर्देश पर मणिकर्णिका घाट स्थित पुण्यश्लोक माता अहिल्याबाई होल्कर से जुड़ी ऐतिहासिक धरोहर को कुछ ही घंटों में ध्वस्त कर दिया गया। कांग्रेस नेताओं ने इस कार्रवाई को न केवल ऐतिहासिक विरासत के प्रति घोर लापरवाही बताया, बल्कि इसे जनभावनाओं को आहत करने वाला कदम भी करार दिया।
जिला कांग्रेस अध्यक्ष मनोज पांडेय ने कहा कि माता अहिल्याबाई होल्कर भारतीय इतिहास में धर्म, संस्कृति और जनकल्याण की प्रतीक रही हैं। उनके द्वारा निर्मित धरोहरें केवल स्थापत्य नहीं, बल्कि देश की सांस्कृतिक पहचान हैं। इस प्रकार बिना किसी वैधानिक प्रक्रिया और सूचना के धरोहर को ध्वस्त किया जाना गंभीर विषय है, जिसकी निष्पक्ष और उच्चस्तरीय जांच आवश्यक है।
ज्ञापन के माध्यम से जिला कांग्रेस कमेटी ने मांग की कि पूरे प्रकरण की विस्तृत जांच कराई जाए और इस लापरवाही के लिए जिम्मेदार अधिकारियों एवं व्यक्तियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। साथ ही मणिकर्णिका घाट का शीघ्र पुनर्निर्माण कराया जाए तथा वहां पुण्यश्लोक देवी अहिल्याबाई होल्कर की भव्य मूर्ति की स्थापना जल्द से जल्द सुनिश्चित की जाए।
इस अवसर पर वरिष्ठ नेता मुनेन्द्र पाल सिंह, राजपूत अमित यादव, भैय्यू गुलफान सिंह यादव, अमित यादव एडवोकेट, अमरदीन अंसारी, मीनाक्षी गौड़, प्रतिभा सिंह, शैल कुमारी, अर्चिका मिश्र, निर्जला कुमारी, सौरभ पाल, दीपक धनगर, अखिलेश पाल, रूम सिंह यादव, तालेवर, चरण सिंह, देवेंद्र सहित अनेक कांग्रेस पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे। सभी ने एक स्वर में ऐतिहासिक धरोहरों की रक्षा की मांग उठाई।