जिलाधिकारी जोगिन्दर सिंह एवं पुलिस अधीक्षक विद्या सागर मिश्र ने मंगलवार को पहाड़ी गेट स्थित हस्तशिल्प कला केन्द्र, आरसेटी (ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान) तथा जिला उद्योग केन्द्र के आवासीय परिसर का निरीक्षण किया। दोनों अधिकारियों ने कार्यों की गुणवत्ता एवं व्यवस्थाओं का जायजा लिया और सुधार के लिए आवश्यक निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने उपायुक्त उद्योग निहारिका जैन को निर्देशित किया कि परिसर की बाउंड्रीवाल का सौन्दर्यीकरण शीघ्र पूरा कराया जाए। साथ ही परिसर में इण्टरलॉकिंग टाइल्स बिछाने और सुरक्षा के लिए तार लगवाने के कार्य को प्राथमिकता देने को कहा। उन्होंने कहा कि यह केन्द्र प्रशिक्षणार्थियों एवं हस्तशिल्प से जुड़े उद्यमियों के लिए महत्वपूर्ण है, इसलिए इसकी सुरक्षा और स्वच्छता पर विशेष ध्यान दिया जाए।
जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि जिला उद्योग केन्द्र के खाली आवासों को कार्यालय स्टाफ को आवंटित कर सरकारी संपत्तियों का सदुपयोग सुनिश्चित किया जाए। साथ ही नलकूप विभाग से समन्वय कर पानी की टंकी को दुरुस्त कराने के आदेश भी दिए, ताकि परिसर में स्वच्छ पेयजल की उपलब्धता बनी रहे।
उन्होंने ईओ नगर पालिका रामपुर को परिसर के बाहर पौधारोपण कार्य कराने के निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने कहा कि हरित वातावरण से परिसर का सौन्दर्य और कार्य वातावरण दोनों बेहतर होंगे।
अंत में डीएम ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि सभी विकासात्मक और रखरखाव कार्य निर्धारित समय-सीमा के भीतर पूर्ण किए जाएं। उन्होंने कहा कि हस्तशिल्प कला केन्द्र और उद्योग केन्द्र जैसे संस्थान रोजगार सृजन एवं स्थानीय उद्यमिता विकास के प्रमुख माध्यम हैं।