बरेली। ईद मिलादुन्नबी के अवसर पर इस बार भी शहर में परंपरागत ढंग से जुलूस-ए-मोहम्मदी निकाला जाएगा। अंजुमन इत्तेहादुल मुस्लिमीन जुलूस कमेटी, पुराना शहर के तत्वावधान में यह जुलूस 4 सितंबर को निकलेगा। आयोजन समिति ने बताया कि जुलूस की शुरुआत 6 मीनार मस्जिद निकट मुन्ना खां का नीम से होगी।
जुलूस-ए-मोहम्मदी की अगुवाई दरगाह तहसीनिया के सज्जादानशीन मौलाना हस्सान रजा खां करेंगे। यह जुलूस अपने परंपरागत मार्गों से होकर गुजरेगा। मार्ग में मीरा की पैठ, बुखारपुरा, जवाहर स्कूल पुलिया, रोहली टोला ट्रांसफार्मर, जगतपुर, हाफिज मियां का मजार और मदीना शाह का इमामबाड़ा शामिल रहेगा। इसके बाद यह कांकर टोला पुलिस चौकी पहुंचेगा और फिर कोट कब्रिस्तान, शाहदाना, आजाद इंटर कॉलेज से होते हुए सैलानी तक जाएगा। अंत में जुलूस पुनः मुन्ना खां के नीम पर आकर समाप्त होगा।
आयोजन समिति के सचिव अंजुम शमीम ने बताया कि जुलूस में अनुशासन बनाए रखने के लिए विशेष दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं। इस बार डीजे वाली अंजुमनों को जुलूस में शामिल नहीं किया जाएगा। उनका कहना है कि जुलूस पूरी तरह धार्मिक और शांतिपूर्ण माहौल में निकाला जाएगा। समिति जल्द ही एक बैठक करके जुलूस शुरू होने का समय तय करेगी।
गौरतलब है कि बरेली में जुलूस-ए-मोहम्मदी की एक लंबी परंपरा रही है, जिसमें हजारों की संख्या में लोग शामिल होकर नबी-ए-पाक ﷺ की याद ताजा करते हैं। पूरा मार्ग आकर्षक सजावट और रोशनी से जगमग रहता है। शहर के लोग भी रास्ते में जुलूस का इस्तकबाल करते हैं और जगह-जगह पर लंगर और तबर्रुक बांटे जाते हैं।