जागरण टुडे, कासगंज(उदित विजयवर्गीय)
जनपद कासगंज के थाना सहावर क्षेत्र में फर्जी जीएसटी फर्म बनाकर करोड़ों रुपये के टैक्स घोटाले का सनसनीखेज मामला सामने आया है। कासगंज पुलिस ने इस मामले में कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया है।
क्या है पूरा मामला
प्राप्त जानकारी के अनुसार, राज्य कर अधिकारी (वि0 अनु0 शा0) राज्य कर रेंज बी अलीगढ़ के अधिकारी चरनजीत सिंह द्वारा थाना सहावर में तहरीर देकर बताया गया कि “के०के० इस्पात उद्योग” नामक फर्म, जिसके स्वामी करन कुमार निवासी बनूपुरा मजरा फरौली (थाना सहावर, कासगंज) हैं, ने फर्जी दस्तावेजों के आधार पर जीएसटी पंजीकरण प्राप्त किया।
आरोप है कि फर्म के माध्यम से वर्ष 2025-26 के दौरान 2,03,64,186 रुपये की फर्जी इनपुट टैक्स क्रेडिट (आईटीसी) दिखाकर सरकार को भारी नुकसान पहुंचाया गया। इस मामले में थाना सहावर पर मु0अ0सं0 452/2025 के तहत विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की गई।
पुलिस अधीक्षक कासगंज ओपी सिंह के निर्देशन तथा अपर पुलिस अधीक्षक सुशील कुमार के पर्यवेक्षण में वांछित आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए चलाए जा रहे अभियान के तहत क्षेत्राधिकारी सहावर शाहिदा नसरीन के नेतृत्व में पुलिस टीम ने 7/8 अप्रैल 2026 की रात बड़ी सफलता हासिल की।
पुलिस ने इस मामले में वांछित आरोपी साहिल बांसल पुत्र राजेश कुमार बांसल, निवासी एनआरआई साउथ सिटी, थाना सराबा नगर, जिला लुधियाना (पंजाब) को उसके घर से गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के बाद आरोपी के खिलाफ नियमानुसार विधिक कार्रवाई करते हुए उसे न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया है।
इस कार्रवाई में थाना सहावर के प्रभारी निरीक्षक गोविन्द बल्लभ शर्मा अपनी टीम के साथ शामिल रहे।
पुलिस का कहना है कि मामले की जांच जारी है और इस फर्जीवाड़े में शामिल अन्य लोगों की भूमिका भी खंगाली जा रही है। जल्द ही और खुलासे होने की संभावना है।