जागरण टुडे, कासगंज(उदित विजयवर्गीय)
जनपद के विकास खंड गंजडुंडवारा क्षेत्र में फर्जी एवं अवैध रूप से संचालित विद्यालयों के खिलाफ अब कड़ी कार्रवाई की तैयारी शुरू हो गई है। शिक्षा विभाग ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच के आदेश जारी कर दिए हैं, जिससे क्षेत्र में हड़कंप मच गया है।
जिला विद्यालय निरीक्षक (डीआईओएस) कासगंज जगदीश चन्द्र शुक्ल ने प्राप्त शिकायत के आधार पर खंड शिक्षा अधिकारी गंजडुंडवारा सुरेन्द्र कुमार एवं प्रधानाचार्य राजकीय बालिका इंटर कॉलेज पटियाली विमल मिश्रा को जांच अधिकारी नामित किया है। दोनों अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि शिकायत की बिंदुवार जांच करते हुए मात्र तीन दिन के भीतर विस्तृत आख्या प्रस्तुत करें।
क्या है पूरा मामला
डीआईओएस कार्यालय को मिली शिकायत में आरोप लगाया गया है कि गंजडुंडवारा ब्लॉक क्षेत्र में बड़ी संख्या में विद्यालय बिना मान्यता के संचालित हो रहे हैं। ये विद्यालय अभिभावकों को मान्यता प्राप्त होने, शत-प्रतिशत छात्रवृत्ति दिलाने और बेहतर शिक्षा का भरोसा देकर कक्षा 1 से 12 तक के छात्रों का प्रवेश ले रहे हैं और उनसे मोटी फीस वसूल रहे हैं।
छात्रों के भविष्य से खिलवाड़ का आरोप
शिकायत में यह भी गंभीर आरोप लगाए गए हैं कि कुछ विद्यालय संचालक छात्रों का नामांकन किसी दूरस्थ मान्यता प्राप्त विद्यालय में दिखाकर औपचारिकता पूरी कर लेते हैं, जबकि वास्तविक पढ़ाई स्थानीय स्तर पर ही कराई जाती है। परीक्षा से पूर्व छात्रों और अभिभावकों से अतिरिक्त धन की मांग कर उनका शोषण किया जाता है। इस पूरी प्रक्रिया में छात्रों के शैक्षिक भविष्य के साथ खिलवाड़ होने की आशंका जताई गई है।
सख्त कार्रवाई के संकेत
डीआईओएस ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि जांच में यदि शिकायत सही पाई जाती है तो संबंधित विद्यालयों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी, जिसमें विद्यालयों को सील करना, मान्यता रद्द करना और संचालकों पर विधिक कार्रवाई शामिल हो सकती है।
उच्च अधिकारियों को भी अवगत कराया गया
मामले की गंभीरता को देखते हुए इस प्रकरण की प्रतिलिपि जिलाधिकारी कासगंज, मंडलीय संयुक्त शिक्षा निदेशक अलीगढ़ तथा जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी कासगंज को भी भेजी गई है, ताकि समन्वित कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके।