जागरण टुडे, कासगंज(उदित विजयवर्गीय)
गंजडुंडवारा कस्बे स्थित बाग पंचायती में आयोजित नौ दिवसीय श्री शिव महापुराण कथा इन दिनों पूरे क्षेत्र को भक्ति रस में सराबोर कर रही है। कथा के द्वितीय दिवस श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी और वातावरण “हर-हर महादेव” के जयघोष से गुंजायमान हो उठा।
कथा व्यास आचार्य श्री गणेशानन्द जी महाराज ने अपने दिव्य एवं ओजस्वी प्रवचनों से उपस्थित श्रद्धालुओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। उन्होंने शिव महापुराण के गूढ़ रहस्यों को अत्यंत सरल एवं सरस भाषा में प्रस्तुत करते हुए भगवान शिव की महिमा का गुणगान किया।
आचार्य श्री ने बताया कि भगवान शिव केवल संहार के देव ही नहीं, बल्कि सृष्टि के पालनहार, करुणा के सागर और भक्तों के कल्याणकर्ता हैं। उन्होंने ब्रह्मा-विष्णु विवाद एवं शिवलिंग की महिमा, माता पार्वती के साथ शिव विवाह, तथा समुद्र मंथन के दौरान विषपान कर नीलकंठ बनने जैसे पावन प्रसंगों का भावपूर्ण वर्णन किया, जिसे सुनकर श्रद्धालु भाव-विभोर हो उठे।
उन्होंने कहा कि शिव महापुराण का श्रवण मानव जीवन को पवित्र और सार्थक बनाता है। इससे मन की अशांति दूर होती है, नकारात्मकता समाप्त होती है और व्यक्ति धर्म, सत्य एवं भक्ति के मार्ग पर अग्रसर होता है। शिव भक्ति से न केवल सांसारिक कष्टों से मुक्ति मिलती है, बल्कि आत्मिक शांति एवं मोक्ष का मार्ग भी प्रशस्त होता है।
आचार्य श्री ने विशेष रूप से बताया कि कलियुग में भगवान शिव की भक्ति अत्यंत सरल एवं शीघ्र फलदायी है। “ॐ नमः शिवाय” मंत्र का जाप एवं शिवपुराण का श्रवण जीवन को दिव्यता से भर देता है और ईश्वर से जुड़ने का सशक्त माध्यम बनता है।
कार्यक्रम के आयोजक सर्वेश गुप्ता ने समस्त क्षेत्रवासियों से अधिक से अधिक संख्या में पहुंचकर कथा श्रवण का आह्वान किया। उन्होंने बताया कि कथा प्रतिदिन दोपहर 3 बजे से सायं 7 बजे तक आयोजित की जा रही है, जिसमें दूर-दूर से श्रद्धालु आकर पुण्य लाभ अर्जित कर रहे हैं।
इस पावन अवसर पर स्कंद महाजन, मनोज कुमार गुप्ता, चेतन महाजन, सुनीता गुप्ता, राजकुमार सिंह, सुमित, अमित प्रकाश महाजन, अवधेश महाजन, हरिनारायण, पवन गुप्ता, अमित चंद्रा, हरिओम गुप्ता, अनुराधा सहित सैकड़ों श्रद्धालु उपस्थित रहे।
वही श्रद्धालुओं ने कथा अमृत का रसपान कर स्वयं को आध्यात्मिक ऊर्जा से परिपूर्ण एवं प्रभु भक्ति में लीन अनुभव किया।