तिलहर में छात्राओं को मिली पुलिस की जिम्मेदारी, जनसुनवाई कर समझी कार्यप्रणाली
मिशन शक्ति फेज-6.0 के तहत महिला सशक्तीकरण और बालिकाओं में आत्मविश्वास बढ़ाने के उद्देश्य से तिलहर में अनूठी पहल की गई। राजकीय कन्या इंटर कॉलेज की कक्षा 12 की दो मेधावी छात्राओं को एक दिन के लिए पुलिस विभाग की महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां सौंपी गईं। वंशिका गुप्ता ने एक दिन की थाना प्रभारी की भूमिका निभाई, जबकि अर्चना को महिला हेल्प डेस्क प्रभारी बनाया गया। इस पहल के माध्यम से छात्राओं को पुलिस की कार्यप्रणाली समझने और नेतृत्व क्षमता विकसित करने का अवसर मिला।
थाने में की जनसुनवाई, शिकायतों के निस्तारण की प्रक्रिया समझी
एक दिन की जिम्मेदारी संभालने के दौरान छात्राओं ने थाने पहुंचकर जनसुनवाई में हिस्सा लिया। उन्होंने फरियादियों की शिकायतें सुनीं और उनके निस्तारण की प्रक्रिया को करीब से समझा। इसके बाद छात्राओं को जीडी कार्यालय, महिला हेल्प डेस्क, साइबर हेल्प डेस्क और बाल शिशु गृह का भ्रमण कराया गया। यहां पुलिसकर्मियों ने संबंधित व्यवस्थाओं और उनके कामकाज के बारे में जानकारी दी।
पुलिस अधिकारियों ने छात्राओं को बताया कि पुलिस व्यवस्था में जनसुनवाई, महिला सुरक्षा और साइबर अपराधों से संबंधित शिकायतों पर कार्रवाई का महत्वपूर्ण स्थान है। इस दौरान उन्हें पुलिस के विभिन्न कार्यों और आम नागरिकों की सहायता के लिए उपलब्ध व्यवस्थाओं से भी परिचित कराया गया।
महिला सुरक्षा और हेल्पलाइन नंबरों की दी जानकारी
कार्यक्रम के दौरान छात्राओं को महिला सुरक्षा, बालिकाओं के अधिकारों और विपरीत परिस्थितियों में सहायता प्राप्त करने के तरीकों के बारे में जागरूक किया गया। उन्हें 1090, 1930, 1076, 181, 108 और 112 जैसे महत्वपूर्ण हेल्पलाइन नंबरों की जानकारी भी दी गई, ताकि जरूरत पड़ने पर वे स्वयं या किसी अन्य जरूरतमंद की मदद के लिए संबंधित सेवा से संपर्क कर सकें।
पुलिस अधीक्षक सौरभ दीक्षित के निर्देश पर आयोजित इस पहल का उद्देश्य बालिकाओं में आत्मविश्वास बढ़ाने, उन्हें अपने अधिकारों के प्रति जागरूक करने और पुलिस व्यवस्था को नजदीक से समझने का अवसर प्रदान करना रहा।
मिशन शक्ति के तहत आयोजित यह गतिविधि छात्राओं के लिए नेतृत्व क्षमता विकसित करने और महिला सुरक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाने का माध्यम बनी। साथ ही, इस पहल ने बालिकाओं को यह समझने का अवसर दिया कि जागरूकता और सही जानकारी के जरिए वे अपनी सुरक्षा के प्रति अधिक सजग रह सकती हैं।