धार्मिक अनुष्ठान में समाज की सुख-समृद्धि और उन्नति की कामना, एकता व भाईचारे का दिया संदेश
काकुत्स्थ नामदेव क्षत्रिय महासभा की ओर से विजयदशमी का पर्व श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया गया। इस अवसर पर तारीन टिकली स्थित नामदेव बाल विद्या मंदिर में शस्त्र पूजन कार्यक्रम का आयोजन किया गया। समाज के लोगों ने विधि-विधान से पूजन-अर्चन कर अपनी धार्मिक आस्था और गौरवशाली परंपराओं के प्रति सम्मान प्रकट किया। कार्यक्रम में भगवान श्री काकुत्स्थ जी महाराज और भगवान श्रीराम का स्मरण कर समाज की सुख-समृद्धि और उन्नति की कामना की गई।
भगवान श्रीराम और काकुत्स्थ जी महाराज का किया पूजन
कार्यक्रम का शुभारंभ भगवान श्री काकुत्स्थ जी महाराज और भगवान श्रीराम के चित्रों पर माल्यार्पण कर किया गया। इसके बाद विधि-विधान से हवन-पूजन संपन्न हुआ। उपस्थित समाज के लोगों ने धार्मिक अनुष्ठान में भाग लेकर सुख, शांति और समृद्धि की प्रार्थना की। विजयदशमी के अवसर पर आयोजित शस्त्र पूजन के माध्यम से समाज की पारंपरिक मान्यताओं, सांस्कृतिक मूल्यों और धार्मिक विरासत को याद किया गया।
इस दौरान वक्ताओं और उपस्थित समाज बंधुओं ने आपसी एकता, भाईचारे और संगठन की मजबूती पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि इस तरह के आयोजन समाज के लोगों को एक मंच पर लाने के साथ ही नई पीढ़ी को अपनी सांस्कृतिक विरासत और परंपराओं से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। कार्यक्रम के माध्यम से सामाजिक सद्भाव और सामूहिक सहभागिता का संदेश भी दिया गया।
प्रसाद वितरण के साथ कार्यक्रम का समापन
आयोजन में नरेश चंद्र सक्सेना, केके सक्सेना, रामशंकर, प्रदीप, सुनील, प्रमोद, शैलेंद्र, बलवीर, सुभाष और रामगोपाल सहित समाज के अनेक गणमान्य लोग उपस्थित रहे। कार्यक्रम के समापन पर श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरित किया गया।
महासभा के जिलाध्यक्ष लालू पूजारी और महानगर अध्यक्ष डिम्पल सक्सेना ने कार्यक्रम में शामिल सभी समाज बंधुओं के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने समाज के लोगों से भविष्य में भी इसी प्रकार एकजुट होकर धार्मिक परंपराओं को संरक्षित रखने और सामाजिक एकता को मजबूत बनाने का आह्वान किया।