बरेली जिले के तहसील मीरगंज क्षेत्र के गांव कुल्छा खुर्द में अवैध खनन माफियाओं की मिट्टी से लदी ट्रैक्टर-ट्रालियों की आवाजाही ने गांव की हाल ही में बनी सीसी रोड को बुरी तरह क्षतिग्रस्त कर दिया है, वहीं एक विद्युत पोल भी टूटकर गिरने की कगार पर पहुंच गया है। इस पूरे मामले को लेकर ग्रामीणों में भारी आक्रोश व्याप्त है और उन्होंने प्रशासन से सख्त कार्रवाई की मांग की है।
ग्रामीणों द्वारा सम्पूर्ण समाधान दिवस में दिए गए शिकायती पत्र के मुताबिक , गांव कुल्छा खुर्द के पास स्थित हाईवे-24 के नजदीक, जनपद रामपुर की तहसील मिलक क्षेत्र के नगला गांव निवासी एक व्यक्ति द्वारा जमीन खरीदकर अवैध रूप से मिट्टी का खनन कराया गया है। आरोप है कि बिना किसी वैध अनुमति के जेसीबी मशीनों से बड़े पैमाने पर मिट्टी की खुदाई की गई है और उसे अन्य स्थानों पर पटान के लिए ले भी मिटटी को ले जाया जा रहा था ।
ग्रामीणों ने बताया कि गांव के पास बह रही नाहल नदी के किनारे स्थित खेतों से रात के समय दो जेसीबी मशीनों द्वारा कई दिनों पूर्व लगातार मिट्टी निकाली जा रही थी । इसके बाद दर्जनों ट्रैक्टर-ट्रालियां देर रात 12 बजे से लेकर सुबह तक गांव की आबादी के बीच से गुजरती थी । भारी वाहनों की लगातार आवाजाही से गांव की सड़कें टूट चुकी हैं और हाल ही में ग्राम निधि से बनी सीसी रोड जगह-जगह से उखड़ गई है।
स्थिति तब और गंभीर हो गई जब गांव के ही वीर सिंह के घर के पास स्थित चौराहे पर लगा एक विद्युत पोल ट्रैक्टर की टक्कर से क्षतिग्रस्त हो गया। यह पोल अब गिरने की स्थिति में है, जिससे किसी भी समय बड़ा हादसा हो सकता है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि समय रहते इसे ठीक नहीं कराया गया तो जनहानि से इंकार नहीं किया जा सकता।
ग्रामीणों ने यह भी बताया कि जब उन्होंने रात के समय खनन कर रहे लोगों को रोकने का प्रयास किया तो खनन माफिया मौके से भाग खड़े हुए और मिट्टी भी वहीं छोड़कर फरार हो गए। इससे साफ जाहिर होता है कि यह पूरा खेल अवैध रूप से चलाया जा रहा है।
ग्रामीणों का आरोप है कि इससे पहले भी वे कई बार सम्पूर्ण समाधान दिवस में शिकायत दर्ज करा चुके हैं, लेकिन अब तक न तो खनन माफियाओं के खिलाफ कोई ठोस कार्रवाई की गई और न ही क्षतिग्रस्त सड़क और विद्युत पोल की मरम्मत कराई गई। प्रशासन की इस उदासीनता से ग्रामीणों में नाराजगी बढ़ती जा रही है।
इस प्लाट में किया गया मिटटी का पटान
शिकायत करने वाले प्रमुख ग्रामीणों में होते लाल मौर्य, केसरी लाल, ओमप्रकाश मौर्य, कुलदीप, यशपाल, संजीव, महेंद्र पाल, नवरतन, तेजपाल, वेद प्रकाश मौर्य, वनवारी लाल, धर्मेंद्र मौर्य और वीर सिंह सहित कई अन्य लोग शामिल हैं। सभी ने एक स्वर में प्रशासन से अवैध खनन पर तत्काल रोक लगाने, दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई करने और क्षतिग्रस्त सड़क व विद्युत पोल को शीघ्र दुरुस्त कराने की मांग की है।