जागरण टुडे, कासगंज।
पटियाली तहसील क्षेत्र के मौजा खरगपुर में भूमि विवाद को लेकर दो पक्षों के बीच तनाव लगातार बढ़ता जा रहा है। ग्राम बरौना निवासी प्रार्थी धर्मेंद्र सिंह पुत्र परमानंद ने जिलाधिकारी कासगंज को दोबारा प्रार्थना पत्र देकर विपक्षी पक्ष पर फायरिंग करने और लाठी-डंडों से जानलेवा हमला करने का गंभीर आरोप लगाया है।
प्रार्थी के अनुसार, मौजा खरगपुर स्थित उसकी भूमि गाटा संख्या 3/5 मि., 6/9 मि., 20 मि./0.098, 3/5 मि. रकबा 1.000 एवं 14/0.0097 हेक्टेयर की पैमाइश व चिन्हांकन पहले ही प्रशासन द्वारा कर दिया गया था। आरोप है कि जब वह चिन्हित भूमि पर कार्य करने पहुंचा, तभी विपक्षीगण—मेवाराम, आशाराम, मोहन, घारम पुत्रगण लाखन, जानकी, सर्वेश, सुक्कन, मंगूलाल, अजब सिंह, रामचंद्र, पप्पू, हेमराज, रामकिशोर, शोभाराम, हेतराम, शिब्बू आदि लोग वहां एकजुट हो गए और अचानक फायरिंग शुरू कर दी।
धर्मेंद्र का कहना है कि विपक्षी पक्ष ने न सिर्फ फायरिंग की बल्कि लाठी-डंडों से हमला भी किया, जिससे वह और उसके साथी किसी तरह अपनी जान बचाकर मौके से भाग सके। प्रार्थी ने यह भी आरोप लगाया कि विपक्षीगण स्वयं अपने पैर में गोली मारकर उसे और उसके परिजनों को झूठे मामले में फंसाने की साजिश रच रहे हैं।
बताया गया कि इससे पहले भी धर्मेंद्र सिंह ने जिलाधिकारी को प्रार्थना पत्र देकर विपक्षी पक्ष द्वारा चिन्हित भूमि पर अवैध कब्जा किए जाने की शिकायत की थी और कब्जा मुक्त कराने की मांग रखी थी। हालांकि विवाद में लगातार बढ़ रही गतिविधियों के बाद क्षेत्र में तनाव व्याप्त है और ग्रामीणों में दहशत का माहौल बना हुआ है।
प्रार्थी ने जिलाधिकारी से मामले में तत्काल हस्तक्षेप कर दबंग विपक्षियों के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई करने तथा अपनी सुरक्षा सुनिश्चित कराने की मांग की है। वहीं ग्रामीणों का कहना है कि विवाद बढ़ने से कभी भी बड़ी घटना हो सकती है, इसलिए प्रशासन को मामले को गंभीरता से लेकर शांति व्यवस्था बनाए रखनी चाहिए।
सूत्रों के अनुसार, पुलिस व प्रशासनिक अधिकारियों ने प्रार्थना पत्र के आधार पर मामले की जांच शुरू कर दी है और आवश्यक कार्रवाई की तैयारी की जा रही है।