जनपद बरेली के फरीदपुर थाना क्षेत्र के गांव सितारगंज की दो छात्राएं गंगा में नहाने के दौरान अचानक गहरे पानी में चले जाने से डूब गईं। इसका पता लगने पर स्थानीय गोताखोरों ने काफी मशक्कत के बाद एक छात्रा को निकालकर अस्पताल पहुंचा दिया। जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। जबकि दूसरी छात्रा का सोमवार देर शाम कुछ पता नहीं चला।
पुलिस के मुताबिक गांव सितारगंज निवासी अनीता (16) पुत्री राधेलाल और पूनम (15) पुत्री राजू फरीदपुर के चौधरी अलबेले सिंह इंटर कॉलेज में कक्षा 11 की छात्राएं थीं। सोमवार सुबह दोनों अपने परिजनों के साथ टेंपो से गांव खल्लपुर स्थित गंगा घाट पर स्नान और पूजन करने के गई थीं। वहां स्नान के दौरान पूनम का पैर अचानक फिसल गया, जिससे वह गहरे पानी में चले जाने से डूबने लगी। उसे बचाने के लिए अनीता आगे बढ़ी तो वह तेज पानी के बहाव में बह गई। देखते ही देखते दोनों छात्राएं पानी के अंदर समा गईं।
मौके पर मौजूद परिजनों ने दोनों छात्राओं को पानी में डूबते देखकर शोर मचा दिया। इस पर वहां मौजूद स्थानीय गोताखोरों ने गंगा में छलांग लगा दी और दोनों छात्राओं की तलाश शुरू की। करीब आधे घंटे की मशक्कत के बाद पूनम को तलाशकर बाहर निकाल लिया गया। इसके बाद तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र फरीदपुर ले जाया गया। जहां डॉक्टर ने उसे मृत घोषित कर दिया। मगर अनीता का देर शाम तक कोई सुराग नहीं लग सका है।
इस हादसे की सूचना मिलने पर फरीदपुर एसडी मल्लिका नैन और पुलिस मौके पर जा पहुंची। एसडीआरएफ टीम ने गंगा किनारे कैंप लगाकर सर्च ऑपरेशन शुरू किया। देर शाम तक गोताखोरों की टीम अनीता की तलाश में जुटी रही। मौके पर एसडीएम टीम को लगातार दिशा-निर्देश देती रहीं। उन्होंने कहा कि जब तक बच्ची का पता नहीं चल जाता, रेस्क्यू ऑपरेशन जारी रहेगा।
एसडीएम मल्लिका नैन ने बताया कि गंगा के इस हिस्से में घाट नहीं है, और यहां पानी का बहाव भी काफी तेज है। उन्होंने कहा कि इस स्थान पर स्नान करना बेहद जोखिम भरा है। साथ ही उन्होंने प्रशासनिक स्तर पर यहां सुरक्षा इंतज़ाम मजबूत करने की आवश्यकता जताई है।