काठमांडु, एजेंसी। नेपाल की पूर्व प्रधान न्यायाधीश सुशीला कार्की के नेतृत्व में अंतरिम सरकार के अस्तित्व में आने के बाद जेन जी पीढ़ी के युवाओं द्वारा किए जा रहे विरोध प्रदर्शन पर गोलीबारी का आदेश देने के आरोप में निवर्तमान प्रधानमंत्री केपी शर्मा ओली के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज किया गया है। नेपाल की प्रतिनिधि सभा के पूर्व सदस्य और कांग्रेस सांसद अभिषेक प्रताप शाह ने कपिलवस्तु के मुख्य जिलाधिकारी दिल कुमार तमांग के माध्यम से मेट्रोपॉलिटन पुलिस सर्कल, न्यू बनेश्वर में शिकायत दर्ज कराई है।
इस बीच नेपाल की अंतरिम सरकार की प्रधानमंत्री सुशीला कार्की रविवार को कैबिनेट का विस्तार कर सकती हैं। शनिवार को वह दिनभर जेन जी प्रतिनिधियों और अन्य लोगों के साथ विचार-विमर्श में जुटी रहीं। कार्की के करीबी सूत्रों का कहना है कि रविवार तक मंत्रिमंडल सहयोगियों के नाम पर फैसला होने के बाद रविवार को ही शपथग्रहण कराया जा सकता है। स्कूलों को जल्द खोलने का फैसला लिया गया है, खासकर उन स्कूलों को जिसे कोई नुकसान नहीं पहुंचा है, उनमें कल से पढ़ाई शुरू होगी।
इस बीच कार्की ने साफ किया है कि वह अपने कैबिनेट सदस्यों को चुनाव लड़ने से नहीं रोकेंगी। संभव है कि उनकी कैबिनेट में कुलमन घीसिंग, बालेंद्र शाह बालेन और सुमाना श्रेष्ठ को शामिल किया जाए। पीएम पद की दौड़ में बिजली बोर्ड के पूर्व सीईओ घीसिंग और काठमांडू के मेयर बालेन भी शामिल थे। सुमाना पूर्व शिक्षा मंत्री हैं। कहा जा रहा है कि अंतरिम सरकार में जेन जी का कोई प्रतिनिधि नहीं होगा। हालांकि जेन जी ने कहा कि वह अंतरिम सरकार के कामकाज पर कड़ी निगाह रखेंगे।